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परिचय

महत्व

महत्व

December 22, 2016

स्कंध पुराण के अनुसार नवग्रहों में से मंगलग्रह का जन्म स्थान (अवंतिका) उज्जैन शिप्रा तट पर विधमान है, जो कि आज मंगलनाथ मंदिर के नाम से प्रसिद्ध है । स्कन्ध पुराण के अनुसार उज्जैन में अंधकासुर नामक दैत...
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मंगल की जननी

मंगल की जननी

December 22, 2016

पुराणों के अनुसार उज्जैन अवंतिका नगरी को मंगल ग्रह की जननी कहा जाता है। ऐसे व्यक्ति जिनकी जन्म कुंडली में मंगलग्रह अशुभ रहता है, जन्मकुण्डली में 1, 4, 7, 8, 12 इन भागों में मंगल ग्रह
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शांत वातावरण

शांत वातावरण

December 22, 2016

मंगलनाथ मंदिर एक उच्च श्रद्धेय उज्जैन जिला मध्यप्रदेश में स्थित मंदिर है । स्कन्ध पुराण के अनुसार मंगलनाथ, मंगल ग्रह का जन्म स्थान माना जाता है, इष्टदेव भगवान शिव है । मंगलनाथ मंदिर जो शिप्रा नदी के व...
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पूजा

भात पूजा

भात पूजा

मंगल ग्रह शिव पुत्र मंगल उग्र अंगारक स्वभाव के हैं । मंगल ग्रह की शांति के लिए ब्रम्हाजी, ऋषियों, मुनियो, देवताओ एवं मनुष्यों ने सर्व प्रथम पंचाम्रत अभिषेक के बाद दही और भात (more…)

महामृत्युंजय जाप

महामृत्युंजय जाप

महामृत्युंजय मंत्र उज्जैन अवंतिका नगरी में कालो के काल महाकाल रहते हैं । महामृत्युंजय का जप महाकाल वन में  करने से विशेष प्रकार की उर्जा एवं विशेष प्रकार का आशीर्वाद प्रदान होता है । (more…)

अर्क/ कुम्भ विवाह

अर्क/ कुम्भ विवाह

अर्क एवं कुम्भ विवाह – जिनकी जन्म कुंडली में वेदन्या दोष रहता है, उस दोष की निवृत्ति इसलिए कराइ जाती है, क्योंकी उस दोष में दो या दो से अधिक विवाह के योग होते हैं । वेदन्या दोष यदि लड़के (more…)

कालसर्प दोष

कालसर्प दोष

काल सर्प दोष – जातक की जन्म कुंडली में राहू और केतु के बीच सभी ग्रह आते हैं तो काल सर्प दोष होता है एवं राहु और केतु के बिच 6 ग्रह आ जाए, परंतु एक ग्रह बाहर रहे तो आंशिक काल (more…)

अंगारकार शांति

अंगारकार शांति

अंगारक दोष – वैदिक ज्योतिष के अनुसार यदि किसी भी जन्म कुंडली में मंगल ग्रह के साथ राहू या केतु में से किसी के साथ, के स्थान या दृष्टि से सम्बन्ध स्थापित हो जाये तो ऐसी जन्मकुंडली में अंगारक दोष (more…)

मंगल शान्ति

मंगल शान्ति

मंगल दोष निवारण के लिए दही और भात का पूजन किया जाता है मंगल जो उग्र गर्म स्वाभाव के हैं, स्वयं अंगारक रूप में हैं । मंगल गृह की उग्रता की शांति के लिए शिवलिंग (more…)

पुजारी

महंत रमेश भारती

महंत रमेश भारती

महंत रमेश भारती श्री मंगलनाथ मंदिर परिसर के महंत हैं। महंत रमेश भारती अवनांतिका के तीर्थ पुरोहित हैं तथा इन्होंने कई संस्थानों में प्रबंधक स्तर के पदों पर कार्य किया, किंतु ईश्वरीय प्रेरणा ने इनको इनके परम्परागत कार्य ज्योतिष एवं कर्मकांड करने के लिए प्रेरित किया। विगत कई वर्षों से ज्योतिष क्षेत्र में कार्य कर रहे महंत रमेश भारती ने पूजा का ज्ञान अपने पूर्वजों से ग्रहण किया एवं आज देश में अपनी सटीक, सही भविष्यवाणियों के लिए प्रसिद्ध हैं। उनके कई पूजा संबंधी लेख उज्जैन स्तर की प्रसिद्ध पत्र-पत्रिकाओं एवं अखबारों में समय-समय पर प्रकाशित होते रहते हैं।

महंत रमेश भारती द्वारा कई धार्मिक विषयों पर व्याख्यान भी दिए हैं तथा शिवपुराण, रामायण एवं श्रीमद्भागवत कथा का वाचन भी करते हैं।

मध्यप्रदेश के अलावा एवं अन्य शहरों में भी उनका नाम प्रसिद्ध है। महाकाल की नगरी उज्जैन में उनका निवास है।

महंत रमेश भारती द्वारा कालसर्प, मंगलादि दोष निवारण,पितृ दोष ,नारायण नागबली कर्म, नवग्रह शांति, मंगल भात पूजन, महामृत्युंजय जप, अभिषेक एवं हवन आदि कार्य वैदिक पद्धति से संपन्न कराये जाते हैं |

पुजारी अमर भारती (गादीपति)

पुजारी अमर भारती (गादीपति)

पुजारी अमर भारती द्वारा काल सर्प, मंगलादि दोष निवारण, पितृदोष, नारायण नागबली कर्म, नवग्रहशांति, मंगल भातपूजन, महामृत्युंजय जप, अभिषेक एवं हवन आदि कार्य वैदिक पद्धति से संपन्न कराये जाते हैं |

फोन नंबर : +91 94253-80004

पुजारी पृथ्वीराज भारती

पुजारी पृथ्वीराज भारती

पुजारी पृथ्वीराज भारती श्री मंगलनाथ मंदिर में मुख्य पुजारी के पद पर है ।

पुजारी पृथ्वी राजभारती द्वारा कालसर्प मंगलादिदोष निवारण, पितृदोष, नारायण, नागबली कर्म, नवग्रह शांति, मंगल भात पूजन, महामृत्युंजय जप , अभिषेक एवं हवन आदि कार्य वैदिक पद्धति से संपन्न कराये जाते हैं ।

फोन नंबर – 91 9826042506

राशिफल

दैनिक राशिफल